
किडनी शरीर का बहुत ही ज़रुरी अंग है जो शरीर से सभी टोक्सिन को निकालने में मदद करता है पर जब किडनी में ही कोई दिक्कत आ जाती है तो पुरे शरीर पर बहुत बुरे प्रभाव पड़ने लगते हैं। इसलिए हमें उन सभी चीज़ों का ध्यान रखना बहुत ज़रुरी है जो हमारी किडनी ही नही पुरे शरीर का भी ध्यान रखती है। आज इस आर्टिकल में हम आपको किडनी खराब होने पर क्या खाएं इस विषय के बारे में बताएँगे साथ ही किडनी खराब होने के लक्षणों और कारणों पर भी ध्यान देंगे जिससे आप पहले ही सचेत हो पाएं।
किडनी खराब होने के लक्षण
- उल्टी और चक्कर
- मांसपेशियों में दर्द
- रुखी त्वचा
- हाथ और पैरों में सुजन
- भूख न लगना
- सोने में परेशानी
किडनी खराब होने ले कारण
- डिहाइड्रेशन
- कोई विशेष दवाइयां खाना
- इन्फेक्शन
- डायबिटीज
- हाई ब्लडप्रेशर
- आनुवंसिक विकार
चिकित्सक सलाह के लिए फॉर्म भरें
किडनी खराब होने पर क्या खाएं
- हाई फाइबर फूड
- कम नमक वाला खाना
- कम पोटैशियम वाला खाना
- कम प्रोटीन वाला खाना
- कम फॉस्फोरस वाला खाना
1. हाई फाइबर फूड

हाई फाइबर फूड हमारे किडनी पर ज़्यादा भार नहीं डालते और हमारे पाचन तंत्र को भी स्वस्थ रखते हैं। जिस वजह से किडनी को टोक्सिन निकालने में ज़्यादा परेशानी नही होती है। ये हमारे ब्लडप्रेशर को भी कंट्रोल करता है। हाई फाइबर फूड के उदाहरन कुछ इस प्रकार हैं - मटर, ब्रोकाल्ली, गाजर, गोभी, अमरुद, सेब, राजमा, मसूर की दाल, मूंग की दाल आदि।
जानकारी - हाई फाइबर फूड खाते समय हमेशा ये ध्यान रखें की खाने में पोटैशियम की मात्रा ज़्यादा न हो क्योंकि वो किडनी के मरीज़ों के लिए अच्छा नहीं होता है और हाई फाइबर खाने से पानी को भी उचित मात्रा में पिए क्योंकि पानी फाइबर को अच्छे से पचाने में मदद करता है।
2. कम नमक वाला खाना

ज़्यादा नमक वाला खाना हमारी सेहत पर बहुत बुरा असर डाल सकता है क्योंकि इसे किडनी पर बहुत भार पड़ता है जिस वजह से किडनी सारे टोक्सिन को सही से फ़िल्टर नहीं कर पाती है और ये ब्लडप्रेशर को भी बढाती है जिससे किडनी को और भी गंभीर समस्याएं हो सकती हैं।
जानकारी - बाज़ार में मिलने वाले पैक्ड फ़ूड पर ज़्यादा लोग ध्यान नही देते पर उनमे बहुत मात्रा में नमक होता है। जो हमारे लिए बहुत हानिकारक होता है इसलिए कोशिश करें कि बाज़ार में मिलने वाले खाने को हम ज़्यादा से ज़्यादा अवॉयड करें।
3. कम पोटेशियम वाले खाना

एक कमज़ोर किडनी पोटेशियम को नहीं निकाल पाती इसलिए ज़्यादा पोटेशियम का सेवन करना हमारे रक्त में पोटेशियम की मात्रा को बढ़ा सकता है और हमारे लिए हानि का कारण भी बन सकता है। यही नही ये हमारे ब्लडप्रेशर को भी हाई कर देती है कम पोटेशियम वाले खाने के उदाहरण हैं- सेब,अंगूर, शिमलामिर्च, गोभी आदि।
जानकारी - यदि हम कम पोटेशियम वाले खाने को भी ज़्यादा मात्रा में खाते हैं तो ये भी शरीर में पोटेशियम बढ़ने का कारण बन सकता है।
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4. कम प्रोटीन वाला खाना

ज़्यादा प्रोटीन वाला खाना खाने से बॉडी में ज़्यादा अवशिष्ट पदार्थ बनने लगते हैं जिससे किडनी पर बहुत भार पड़ता है और किडनी सही से सारे टोक्सिन नहीं निकाल पाती है और टोक्सिन न निकलने के कारण किडनी समय के साथ कमज़ोर हो जाती है।
जानकारी - हमेशा हाई क्वालिटी वाले प्रोटीन को ही खाएं पर एक उचित मात्रा में, क्योंकि केवल प्रोटीन ही नही शरीर को सभी तरह के विटामिन्स और मिनरल्स की ज़रूरत पडती है।
5. कम फास्फोरस वाले खाना

ज़्यादा फास्फोरस वाले खाने से भी किडनी पर ज़ोर पड़ता है जिससे फास्फोरस की मात्रा शरीर में बढ़ जाती है। जिससे हृदय और हड्डियों पर प्रभाव पड़ता है इसलिए कम फास्फोरस किडनी पर कम प्रभाव डालता है जिसे स्वास्थ पर ज़्यादा बुरे प्रभाव नहीं पड़ते।
जानकारी - यदि आप कोई भी पैक्ड फ़ूड खा रहे हैं तो सबसे पहले आप उसके लेबल को ध्यान से पढ़ें और कम पोटैशियम वाले खाने को भी कम मात्रा में ही खाएं।
निष्कर्ष
आज इस आर्टिकल में हमने किडनी खराब होने पर क्या खाएं ये बताया उम्मीद है कि आपको हमारे द्वारा दिए गये उपाय सरल लगे होंगे पर ध्यान रखें की सभी लोगों का शरीर एक दुसरे से अलग होता है। इसलिए आप चाहें तो सबसे पहले चिकित्सक से सम्पर्क कर सकते हैं और एसे ही हेल्थ रिलेटेड आर्टिकल्स के लिए जुड़े रहें आयु कर्मा के साथ।
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