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बवासीर के मस्से को जड़ से खत्म करने का उपाय

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बवासीर के मस्से को जड़ से खत्म करने का उपाय

बवासीर के मस्से को जड़ से खत्म करने का उपाय

क्या आपको बवासीर के मस्सों की समस्या ने परेशान कर दिया है? जो न केवल सिर्फ शारीरिक तकलीफ देते हैं बल्कि मानसिक तनाव भी बढ़ाते हैं। ऐसे में बहुत से लोग तुरंत राहत पाने के लिए बहुत सी आधुनिक दवाइयाँ लेते हैं, जिससे उन्हे कम समय के लिए राहत तो मिल जाती है, लेकिन सवाल ये आता है की, बवासीर के मस्से को जड़ से खत्म करने का उपाय क्या है? इसलिए आज इस आर्टिकल में हम जानेंगे की बवासीर के मस्से का स्थायी इलाज क्या है? जहां हम आपको हेमोरॉइड मस्से का घरेलू उपचार और साथ ही बवासीर मस्से का आयुर्वेदिक इलाज दोनों बताएंगे। 

बवासीर के मस्से होने के कारण

  • अनियमित दिनचर्या

  • शारीरिक गतिविधि की कमी

  • मोटापा

  • शारीरिक गतिविधि की कमी

  • कम फाइबर वाला आहार

  • कब्ज और तनाव

  • आनुवंशिकता 

  • लंबे समय तक बैठना

  • भारी वजन उठाना

बवासीर के मस्से होने के लक्षण 

  • सूजन

  • गुदा के आसपास मस्से या गांठ महसूस होना

  • मल त्याग के समय खून आना

  • दर्द और खुजली

  • अधूरा महसूस होना

  • चलने-बैठने में दिक्कत

  • गांठें

  • सूजन के कारण बैठने में परेशानी

  • चलने-बैठने में दिक्कत

बवासीर के मस्से को जड़ से खत्म करने का उपाय
 

  1. बर्फ की सिकाई - बवासीर के मस्से में बर्फ की सिकाई एक आसान लेकिन बहुत ही प्रभावी उपायों में से के है। जो मुख्य रूप से बवासीर के शुरुआती अवस्था में काफी राहत देता है। इसकी ठंडक नसों में मौजूद सूजन को कम करती है, जिससे दर्द और जलन में तुरंत आराम मिलता है और ठंडक के कारण उस हिस्से में रक्त प्रवाह थोड़ी देर के लिए नियंत्रित हो जाता है, जिससे मल त्याग के समय होने वाला खून आना भी कम हो सकता है। इसके अलावा बर्फ की सिकाई दवाओं पर निर्भरता को भी कम कर सकती है। जब दर्द, सूजन और जलन नियंत्रित रहती है, तो मरीज को बार-बार पेन किलर या मरहम लगाने की जरूरत नहीं पड़ती।




     
  2. सिट्ज़ बाथ - सिट्ज़ बाथ बवासीर की समस्या में बहुत ही असरदार और सुरक्षित उपाय माना जाता है, क्योंकि गुनगुने पानी में बैठने से गुदा क्षेत्र की मांसपेशियां और नसें धीरे-धीरे रिलैक्स होती हैं, जिससे मस्सों पर पड़ा लगातार दबाव कम होने लगता है। यही दबाव बवासीर की जड़ होता है, इसलिए उसके कम होते ही सुधार शुरू हो जाता है। इसके अलावा इससे दर्द, जलन और भारीपन जैसी शिकायतों में साफ राहत मिलती है। कई मरीजों को कुछ ही दिनों में बैठने और चलने में आराम महसूस होने लगता है।

    बाथ
  3. फाइबर युक्त भोजन - फाइबर युक्त भोजन की भूमिका बहुत अहम मानी जाती है, क्योंकि फाइबर सीधे उस मूल समस्या पर काम करता है जिससे बवासीर पैदा होती है, यानी कब्ज। फाइबर आंतों की कार्यक्षमता को सुधारता है और पाचन को मजबूत बनाता है। साथ ही जब पाचन ठीक रहता है, तो गुदा की नसों पर अनावश्यक तनाव नहीं पड़ता और सूजी हुई नसों को आराम मिलता है। और सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि फाइबर युक्त भोजन कोई अस्थायी राहत नहीं देता, बल्कि बवासीर की जड़ पर काम करता है। 
    फाइबर

     
  4. नारियल तेल - नारियल तेल बवासीर की समस्या में प्राकृतिक और बहुत ही लाभकारी उपाय माना जाता है। इसमें मौजूद एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटी-बैक्टीरियल गुण गुदा क्षेत्र में होने वाली सूजन, जलन और संक्रमण को धीरे-धीरे कम करने में मदद करते हैं। जब सूजन घटती है, तो मस्सों पर पड़ने वाला दबाव कम हो जाता है और वे सिकुड़ने लगते हैं। यही नहीं इसे लगाने से जलन और खुजली शांत होती है, जिससे मरीज को तुरंत आराम महसूस होता है और बार-बार दवाइयों या केमिकल युक्त मलहमों पर निर्भरता कम हो सकती है।

    नारियल तेल
  5. सक्रिय जीवनशैली अपनाएँ - सक्रिय जीवनशैली केवल एक ही समस्या के लिए नहीं बल्कि समस्त स्वास्थ्य के लिए बहुत जरूरी है, क्योंकि सक्रिय जीवनशैली अपनाने से यह दबाव कम होता है और सूजी हुई नसों को धीरे-धीरे आराम मिलने लगता है, जिससे मस्सों का आकार घटने की प्रक्रिया शुरू होती है। सक्रिय जीवनशैली में नियमित चलना, हल्का व्यायाम और योग करने से पाचन तंत्र मजबूत होता है। जब पाचन सही रहता है, तो कब्ज की समस्या अपने आप कम होने लगती है। कब्ज खत्म होने से मल त्याग के समय जोर नहीं लगाना पड़ता, जो बवासीर के मस्सों को बढ़ने से रोकने और उन्हें जड़ से खत्म करने के लिए सबसे जरूरी कदम है।
     

आज इस आर्टिकल में हमने बताया बवासीर के मस्से को जड़ से खत्म करने का उपाय, और आपने जाना की कैसे कुछ आयुर्वेदिक उपचार से इस समस्या में आपके काम आ सकते हैं, लेकिन आप केवल इन सुझावों पर निर्भर ना रहें समस्या अगर ज्यादा गंभीर है, तो डॉक्टर से संपर्क जरूर करें, और ऐसे ही आर्टिकल और ब्लॉग्स के लिए जुड़े रहें आयु कर्मा के साथ।



 

FAQ
 

  • बवासीर के मस्से सुखाने के लिए क्या खाएं? 
    बवासीर के मस्से सुखाने के लिए फाइबर युक्त आहार लें, जैसे हरी सब्ज़ियाँ, फल, दलिया और चोकर, ताकि कब्ज न रहे। इसके साथ पर्याप्त पानी पिएँ, छाछ और दही जैसे हल्के पाचन वाले खाद्य लें और तला-भुना व बहुत मसालेदार खाना न खाएँ।
  • लैट्रिन की जगह मस्सा कैसे होता है?
    लैट्रिन की जगह मस्सा तब होता है जब लगातार कब्ज, जोर लगाकर शौच करने या लंबे समय तक टॉयलेट में बैठने से गुदा की नसों पर ज्यादा दबाव पड़ता है। इस दबाव से नसें सूजकर बाहर या अंदर की तरफ फूल जाती हैं और वही मस्से का रूप ले लेती हैं।
  • सबसे तेज मस्सा हटाने वाला क्या है?
    सबसे तेज मस्सा हटाने वाला तरीका गंभीर बवासीर में डॉक्टर द्वारा किया गया इलाज होता है, जैसे लेज़र या बैंडिंग, जबकि हल्के मामलों में कब्ज दूर करना, सही आहार और दवा से मस्से धीरे-धीरे ठीक होते हैं।
  • मस्से को जड़ से कैसे खत्म करें?
    मस्से को जड़ से खत्म करने के लिए कब्ज दूर करें, फाइबर युक्त भोजन और पर्याप्त पानी लें, जोर लगाकर शौच न करें और जरूरत पड़ने पर डॉक्टर से सही इलाज कराएं।
Dr Puneet Dhawan
Ayurvedic Expert

Dr. Puneet Dhawan

Dr. Puneet is a highly respected Ayurvedic expert known for his deep knowledge and compassionate approach towards treating chronic health issues.

His USP is meticulously addressing the root cause of the disease rather than just superficially attending the surface level symptoms.

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